जिंदगी खेल खेलती हैं

जिंदगी खेल खेलती है

जब सब कुछ भूल गयी तो फिर एक अजनबी को मेरे इतने करीब लाकर मुझे उसका आहशास कराया की जिंदगी कीतिनी खुबसूरत है, पर कुछ ऐसा हुआ की उसे मेरा बनाकर मुजसे दूर कर दी ये जिंदगी, क्युंकि मेरे दोस्तो जिंदगी खेल खेलती है

ना जाने क्या चा ह ती है ये जिंदगी, अगर किसी को जिंदगी मै मेरे लिए बनाया ही नही था, तो क्यों इतना पास लाकर मुझे अकेला करदी ये जिंदगी, क्युंकि मेरे दोस्तो जिंदगी खेल खेलती है

आज लग रहा ये जिंदगी मेरे मजे ले रही है, चा ह ती क्या है मुझे से , इस जिंदगी ने सब दिया क्युंकि, सब था मेरे पास जो था , नही था तो प्यार जो की मेरी जिंदगी मे नही, क्युंकि मेरे दोस्तो जिंदगी खेल खेलती है

आज मै फिर उस मोड़ पे आगयी जहा से कुछ साल पहले निकलना बहुत मुश्किल था, बहुत समझा या इस जिंदगी को अब कुछ ऐसा ना हो की हम खुद के साथ ही खेल जाए इसलिए कहा मेरे दोस्तों ये जिंदगी खेल खेलती है

Comments

  1. गर जिंदगी खेल ना खेले तो ये जिंदगी किस काम की!

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  2. Zindagi imtehaan leti hai ... Aur usi imtehaan ko hum khel samajh baith te h

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    1. Dono bhut alg hai ek jaisi lgti hai

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    2. Khel maje me .... Aur imtehaan pressure me hota h ...
      Zindagi to imtehaan hi leti h

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